अधिकारियों-कर्मचारियों को आदर्श आचार संहिता की पालना के निर्देश

  • Posted on: 10 October 2018
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जयपुर। जिला कलक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री सिद्धार्थ महाजन ने विधानसभा चुनाव की आदर्श आचार संहिता के प्रभावी होने के साथ ही भारत निर्वाचन आयोग के निर्देश तथा लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 के तहत् राजकीय अधिकारियों-कर्मचारियों को प्रावधानों का शक्ति से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिये हैं। महाजन ने बताया की कोई राजकीय कर्मचारी ना तो किसी प्रकार की राजनैतिक गतिविधियों जैसे रैली,सभा या चुनाव प्रचार में भाग ले सकेगा और ना ही किसी उम्मीदवार/पार्टी के चुनाव/मतदान/गणना अभिकर्ता  के रूप में कार्य कर सकेगा।
उन्होंने सभी जिला स्तरीय अधिकारियों को अपने कार्यालय एवं विभाग में उक्त निर्देशों की पालना करने को पाबन्द किया है। राजकीय विश्राम भवनों में ठहरने के लिए आयोग की गाडलाइंस की पालना के निर्देश जिला कलक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री सिद्धार्थ महाजन ने विधानसभा चुनाव के दौरान जिले में स्थित राजकीय विभागों, उपक्रमों के विश्राम भवनों, अतिथि गृह, डाक बंगलों आदि में मंत्रीगण एवं राजनैतिक व्यक्तियों के रूकने के संबंध में भारत निर्वाचन आयोग की गाइडलाइंस की पूर्ण पालना सुनिश्चित करने के निर्देश दिये हैं। उन्होंने इसके लिए सम्बन्धित विभागों एवं उपक्रमों के अधिकारियों को निर्देश जारी किये है।
शस्त्र अनुज्ञापत्रधारियों को अपने शस्त्र पुलिस थाने में जमा कराने के निर्देश-जिला कलक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी सिद्धार्थ महाजन ने एक आदेश जारी कर भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशों की अनुपालना तथा आम्र्स एक्ट 1959 के अन्तर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए जयपुर पुलिस आयुक्तालय (कमिश्नरेट) क्षेत्र को छोड़कर जिला पुलिस अधीक्षक, जयपुर ग्रामीण के क्षेत्राधिकार में आने वाले समस्त शस्त्र अनुज्ञापत्रधारियों को अपने अनुज्ञापत्र में दर्ज शस्त्र को तुरंत प्रभाव से संबंधित/निकटतम पुलिस थाने के शस्त्रागार में जमा कराने के लिए पाबन्द किया है। यह आदेश स्क्रीनिंग कमेटी में लिये गये निर्णय के अनुसार जारी किया गया है। यह आदेश नेशनल राइफल एशोसियेशन के सदस्य जो प्रतियोगिता में भाग लेते हैं, कानून व्यवस्था से जुड़े राज्य सरकार के अधिकारी-कर्मचारी तथा शस्त्र अनुज्ञापत्रधारी सुरक्षाकर्मी (बैंक, जीवन बीमा निगम इत्यादि) पर लागू नहीं होगा। शस्त्र अनुज्ञापत्रधारी चुनाव परिणाम घोषित होने के सात दिवस बाद अपना शस्त्र संबंधित थाने से प्राप्त कर सकेंगे। शस्त्र जमा नहीं कराने की स्थिति में शस्त्र अनुज्ञापत्रधारी के विरूद्ध धारा 188 भारतीय दंड संहिता एवं आम्र्स एक्ट 1959 के अन्तर्गत कार्यवाही की जायेगी। जिला निर्वाचन अधिकारी ने संबंधित थानाधिकारी को निर्देश दिये हैं कि यदि किसी अनुज्ञाधारी को वास्तव में अपनी जान माल का खतरा है तथा वह शस्त्र जमा कराने की छूट चाहता है तो उस अनुज्ञाधारी द्वारा व्यक्त कारणों की गहनता से जांच कर अपनी स्पष्ट अनुशंषा के साथ प्रकरण स्क्रीनिंग कमेटी के समक्ष रखें।
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